मध्यकालीन जादों राजपूत दुर्ग तिमनगढ़ के गौरवशाली स्वर्णिम युग का ऐतिहासिक अध्ययन–
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पूर्व मध्यकालीन मंडरायल दुर्ग यदुवंशियों के शौर्य एवं वीरता का प्रतीक — मंडरायल दुर्ग ई0 1145 से 1423 ई0 तक यदुवंशी जादों राजवंश की राजधानी रहा ।यह दुर्ग चम्बल नदी की सीमा पर एक ऊँची पहाड़ी पर स्थित है। मंडरायल नगर करौली जिला मुख्यालय से 40 कि. मी. चम्बल नदी की सीमा पर दक्षिण पूर्व
पूर्व-मध्यकालीन ऐतिहासिक मंडरायल दुर्ग यदुवंशियों के शौर्य एवं वीरता का प्रतीक– Read More »